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ⓘ वाल्मीकि एक महर्षि तथा संस्कृत कें आदिकवी छी । वो महाकाव्य वाल्मीकीय रामायण कें रचना केने छल । वोकर रामायण में श्रीराम कें चरित्र वर्णन केल गेल अछि । ..




                                               

अरण्यकाण्ड

रामचरितमानस विकीस्रोत पs रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड २०१-२५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड १५१-२००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - किष्किन्धाकाण्ड १-३०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड २५१-३००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - बालकाण्ड १०१-१५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अरण्यकाण्ड १-४६क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - उत्तरकाण्ड १०१-१३१क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड १-५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर वाल्मीकि रामायण - सुन्दरकाण्डक मूल पाठ विकीस्रोत पर वाल्मीकि रामायण - किष्किन्धाकाण्डक मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - लंकाकाण ...

                                               

सुन्दरकाण्ड

रामचरितमानस विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड ३०१-३२६क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अरण्यकाण्ड १-४६क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड १५१-२००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - उत्तरकाण्ड ५१-१००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - किष्किन्धाकाण्ड १-३०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड २०१-२५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - सुन्दरकाण्ड १-५०का मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - सुन्दरकाण्ड ५१-६०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - लंकाकाण्ड १-५०का मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - बालकाण्ड २५१-३००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - बालकाण्ड २ ...

                                               

लंकाकाण्ड

बालकाण्ड अयोध्याकाण्ड उत्तरकाण्ड किष्किन्धाकाण्ड रामचरितमानस विकीस्रोत पर युद्धकाण्ड सुन्दरकाण्ड अरण्यकाण्ड रामचरितमानस - किष्किन्धाकाण्ड १-३०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - बालकाण्ड २५१-३००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - बालकाण्ड २०१-२५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड ५१-१००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - बालकाण्ड १५१-२००क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - लंकाकाण्ड १-५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अरण्यकाण्ड १-४६क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - अयोध्याकाण्ड २०१-२५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरितमानस - बालकाण्ड १-५०क मूल पाठ विकीस्रोत पर रामचरि ...

                                               

किष्किन्धाकाण्ड

वाल्मीकि रामायण रामचरितमानस - किष्किन्धाकाण्ड १-३०क मूल पाठ रामचरितमानस

                                               

अयोध्याकाण्ड

अयोध्याकाण्ड वाल्मीकि कृत रामायण आर गोस्वामी तुलसीदास कृत श्री राम चरित मानसक एकटा भाग छी । भरत अपन स्नेही जनसभक साथ रामके पादुकाक साथ ल क वापस अयोध्या आएल छल । ओ रामक पादुकाके राज सिंहासन पर विराजित करि स्वयं नन्दिग्राममे निवास कर लागल छल ।

                                               

उत्तरकाण्ड

उत्तरकाण्ड वाल्मीकि कृत रामायण आर गोस्वामी तुलसीदास कृत श्री राम चरित मानसक एकटा भाग छि । उत्तरकाण्ड राम कथाक उपसंहार छी । सीता, लक्ष्मण आर समस्त वानर सेनाक साथ राम अयोध्या वापस पहुँचल छल । रामक भव्य स्वागत भेएल, भरतक साथ सर्वजनसभ मs आनन्द व्याप्त भs गेएल । वेद आर शिवक स्तुति कs साथ रामक राज्याभिषेक भएल । वानरसभक विदाई दएल गएल । राम प्रजा कs उपदेश देलखिन आर प्रजासभ कृतज्ञता प्रकट कएलक । चारु भाइसभक दू दू पुत्र होएल । रामराज्य एक आदर्श बनि गएल छल ।

                                               

दशरथ

दशरथ वाल्मीकि रामायणक अनुसार अयोध्या कs रघुवंशी राजा छलाह । वो इक्ष्वाकु कुलक छल तथा प्रभू श्रीराम - जे कि विष्णु कs अवतार छल - कs पिता छल ।

                                               

सुग्रीव

सुग्रीव रामायणक एक प्रमुख पात्र छी। ओ वालि कऽ अनुज छी। हनुमानक कारण रामसँ हुनकर मित्रता भेल छल। वाल्मीकि रामायणमे किष्किन्धाकाण्ड, सुन्दरकाण्ड आर युद्धकाण्डमे सुग्रीवक वर्णन वानरराजक रूपमे कएल गेल अछि। जखन रामसँ हुनकर मित्रता भेल तखन ओ अपन अग्रज वालिक भयसँ ऋष्यमूक पर्वत पर हनुमान आर किछ अन्य प्रियजन रीछ तथा वानर सेनापतिसभक सँग रहि रहल छल। लङ्का पर चढ़ाईक लेल सुग्रीव द्वारा वानर आर ॠक्ष सेनाक प्रबन्ध कएल गेल छल।

                                               

श्री राम

राम, प्राचीन भारत में अवतरित, भगवान छल। हिन्दू धर्म में, राम, विष्णु के १० अवतारों में सs सातम मे अछि । रामक जीवनकाल एवं पराक्रम, महर्षि वाल्मीकि द्वारा रचीत, संस्कृत महाकाव्य रामायण कs रूप में लिखल गेल अछि | हुनका पर तुलसीदास जी भी भक्ति काव्य श्री रामचरितमानस रचल छल | खास तौपर उत्तर भारत मs राम बहुत अधिक पूजनीय मानल जाएत अछि । रामचन्द्र हिन्दुत्ववादि सभक भी आदर्श पुरुष अछि । राम, अयोध्या कs राजा दशरथ आ रानी कौशल्या कs सबस पैग पुत्र छल । राम जी कs पत्नी के नाम सीता छल और हिनकर तीन भाई छल - लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न। हनुमान, भगवान रामक, सबस पैग भक्त मानल जाएत अछि । राम जी राक्षस जाति के राज ...

                                               

तारा (रामायण)

तारा हिन्दू महाकाव्य रामायणमे वानरराज वालीक पत्नी छी। ताराक बुद्धिमता, प्रत्युत्पन्नमतित्वता, साहस तथा अपन पतिक प्रति कर्तव्यनिष्ठाक सभ पौराणिक ग्रन्थसभमे सराहल गेल अछि। ताराक हिन्दू धर्म पञ्चकन्यासभमे सँ एक मानल गेल अछि। पौराणिक ग्रन्थसभमे पञ्चकन्यासभक विषयमे कहल गेल अछि:- अहिल्या द्रौपदी कुन्ती तारा मन्दोदरी तथा। पञ्चकन्या स्मरणित्यं महापातक नाशक॥ मुद्दा ताराक मुख्य भूमिकामे वाल्मीकि रामायणमे केवल तीन ही जगह दर्शाएल गेल अछि, मुद्दा ओकर चरित्र रामायण कथाक समझे वालाक मनमे एक अमिट छाप छोडि दैत अछि। जे तीन जगह ताराक चरित्र मुख्य भूमिकामे अछि, ओ ई प्रकार अछि:- वालीक वधक पश्चात् ताराक विलाप। स ...

                                               

कुप्पाली वी गौड़ा पुटप्पा

कुपल्ली वेंकटप्पागौड़ा पुटप्पा एक कन्नड़ लेखक एवं कवि छल, जेकरा २०अम शताब्दी के महानतम कन्नड़ कवि क उपाधि देल गेल अछी। ओ कन्नड़ भाषा मे ज्ञानपीठ सम्मान पावै वाला सात व्यक्तिसभ मे प्रथम छल। पुटप्पा सभ साहित्यिक कार्य उपनाम कुवेम्पु से केने अछी। उनका साहित्य एवं शिक्षा के क्षेत्र मे सन १९५८ मे पद्म भूषण से सम्मानित कएल गेल छल।

                                               

हनुमान जयन्ती

हनुमान जन्मा-उत्सव वा हनुमान जन्म-उत्सव एकटा हिन्दू धार्मिक पर्व छी, जे भगवान श्री हनुमान कऽ जन्म कऽ उत्सव मनावल जाइत अछि, जे भारतभर आ नेपालमे बहुत ही पुरस्कृत अछि। ई पर्व भारत कऽ विभिन्न भागमे विभिन्न दिनसभमे मनावल जाइत अछि। भारत कऽ प्रायः राज्यसभमे, ई पर्व चैत्र महिना कऽ वा वैशाख महिनामे मनावल जाइत अछि, जबकि केरल आ तमिलनाडु जेहन किछ राज्यसभमे ई मनावल जाइत अछि। धनु । एहि शुभ दिनमे, भगवान हनुमान कऽ भक्त हुनकर जन्म कऽ उत्सव मनावैत अछि आ हुनकासँ सुरक्षा आ आशीर्वाद प्राप्त करैत अछि। ओ पूजा करवाक लेल मन्दिरसभमे भीड लगैत अछि आ धार्मिक पूजा करैत अछि। फलस्वरूप, भक्तसभ कऽ मन्दिर पुजारीसभ द्वारा मि ...

वाल्मीकि
                                     

ⓘ वाल्मीकि

वाल्मीकि एक महर्षि तथा संस्कृत कें आदिकवी छी । वो महाकाव्य वाल्मीकीय रामायण कें रचना केने छल । वोकर रामायण में श्रीराम कें चरित्र वर्णन केल गेल अछि ।

                                     
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